होम पंचांग जयपुर पंचांग — बुधवार, 27 मई 2026

दृक् गणित · लाहिड़ी अयनांश · IST · 26.9124, 75.7873

पंचांग के पाँच अंग
तिथि
शुक्ल एकादशी
नक्षत्र
हस्त
योग
व्यतीपात
करण
विष्टि
वार
बुधवार
सूर्योदय 05:34 AM
सूर्यास्त 07:14 PM

शुभ एवं अशुभ मुहूर्त

शुभ मुहूर्त
सूर्योदय 05:34 AM
सूर्यास्त 07:14 PM
अशुभ काल
राहु काल 12:24 PM – 02:06 PM

चौघड़िया मुहूर्त

अमृत · शुभ · लाभ · चर शुभ माने जाते हैं। काल · रोग · उद्वेग से बचें।

दिन का चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
लाभ 05:34 AM – 07:16 AM
अमृत 07:16 AM – 08:59 AM
काल 08:59 AM – 10:41 AM
शुभ 10:41 AM – 12:24 PM
रोग 12:24 PM – 02:06 PM
उद्वेग 02:06 PM – 03:49 PM
चर 03:49 PM – 05:31 PM
लाभ 05:31 PM – 07:14 PM
रात का चौघड़िया
रात का चौघड़िया
उद्वेग 07:14 PM – 08:31 PM
चर 08:31 PM – 09:49 PM
लाभ 09:49 PM – 11:06 PM
अमृत 11:06 PM – 12:23 AM
काल 12:23 AM – 01:41 AM
शुभ 01:41 AM – 02:58 AM
रोग 02:58 AM – 04:16 AM
उद्वेग 04:16 AM – 05:33 AM

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संवत् एवं कैलेंडर विवरण

संवत् एवं कैलेंडर विवरण
विक्रम संवत 2083
मास ज्येष्ठ
पक्ष शुक्ल
प्रविष्टे 13

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आज 27 मई 2026 को जयपुर में कौन सी तिथि है?

आज जयपुर में तिथि शुक्ल एकादशी है।

आज कौन सा नक्षत्र है?

आज हस्त नक्षत्र है और योग व्यतीपात है।

यह पंचांग कैसे बनाया जाता है?

यह पंचांग दृक् गणित और लाहिड़ी अयनांश पर आधारित है। गणना स्विस एफेमेरिस से की जाती है और IST में प्रस्तुत की जाती है।

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कौन गणना करता है

हिमालय के एक परंपरागत पुरोहित एवं ज्योतिष परिवार द्वारा।

हमारा पंचांग दृक् गणित से बनता है और शास्त्रीय ग्रंथों के नियमों पर आधारित है। हम स्वयं अनुष्ठान कराते हैं और यही पंचांग अपने यजमानों के लिए उपयोग करते हैं।

हिमालयी ज्योतिष परंपरा शास्त्रीय स्रोत पारदर्शी भविष्यवाणी

अपडेट: 5 अगस्त 2026, 22:38 IST