होम पंचांग प्रयागराज पंचांग — गुरुवार, 20 अगस्त 2026

दृक् गणित · लाहिड़ी अयनांश · IST · 25.4358, 81.8463

पंचांग के पाँच अंग
तिथि
शुक्ल अष्टमी
नक्षत्र
विशाखा
योग
इन्द्र
करण
विष्टि
वार
गुरुवार
सूर्योदय 05:37 AM
सूर्यास्त 06:33 PM

शुभ एवं अशुभ मुहूर्त

शुभ मुहूर्त
सूर्योदय 05:37 AM
सूर्यास्त 06:33 PM
अशुभ काल
राहु काल 01:42 PM – 03:19 PM

चौघड़िया मुहूर्त

अमृत · शुभ · लाभ · चर शुभ माने जाते हैं। काल · रोग · उद्वेग से बचें।

दिन का चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
शुभ 05:37 AM – 07:14 AM
रोग 07:14 AM – 08:51 AM
उद्वेग 08:51 AM – 10:28 AM
चर 10:28 AM – 12:05 PM
लाभ 12:05 PM – 01:42 PM
अमृत 01:42 PM – 03:19 PM
काल 03:19 PM – 04:56 PM
शुभ 04:56 PM – 06:33 PM
रात का चौघड़िया
रात का चौघड़िया
अमृत 06:33 PM – 07:56 PM
काल 07:56 PM – 09:19 PM
शुभ 09:19 PM – 10:43 PM
रोग 10:43 PM – 12:06 AM
उद्वेग 12:06 AM – 01:29 AM
चर 01:29 AM – 02:52 AM
लाभ 02:52 AM – 04:15 AM
अमृत 04:15 AM – 05:38 AM

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संवत् एवं कैलेंडर विवरण

संवत् एवं कैलेंडर विवरण
विक्रम संवत 2083
मास श्रावण
पक्ष शुक्ल
प्रविष्टे 4

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आज 20 अगस्त 2026 को प्रयागराज में कौन सी तिथि है?

आज प्रयागराज में तिथि शुक्ल अष्टमी है।

आज कौन सा नक्षत्र है?

आज विशाखा नक्षत्र है और योग इन्द्र है।

यह पंचांग कैसे बनाया जाता है?

यह पंचांग दृक् गणित और लाहिड़ी अयनांश पर आधारित है। गणना स्विस एफेमेरिस से की जाती है और IST में प्रस्तुत की जाती है।

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कौन गणना करता है

हिमालय के एक परंपरागत पुरोहित एवं ज्योतिष परिवार द्वारा।

हमारा पंचांग दृक् गणित से बनता है और शास्त्रीय ग्रंथों के नियमों पर आधारित है। हम स्वयं अनुष्ठान कराते हैं और यही पंचांग अपने यजमानों के लिए उपयोग करते हैं।

हिमालयी ज्योतिष परंपरा शास्त्रीय स्रोत पारदर्शी भविष्यवाणी

अपडेट: 5 अगस्त 2026, 22:35 IST